डेटिंग ऐप से फंसाकर ब्लैकमेल और लूट का गैंग बेनकाब, 4 गिरफ्तार; वीडियो बनाकर वसूलते थे पैसे

लखनऊ। यूपी की राजधानी में ऑनलाइन डेटिंग के नाम पर चल रहे खतरनाक खेल का पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। दोस्ती और मुलाकात के बहाने लोगों को बुलाकर वीडियो बनाना, फिर ब्लैकमेल कर ऑनलाइन पैसे वसूलना—यही था इस शातिर गिरोह का तरीका।अलीगंज इलाके में सक्रिय एक संगठित गिरोह ने ऑनलाइन डेटिंग ऐप को अपराध का हथियार बना लिया था। यह गिरोह पहले लोगों से दोस्ती करता, फिर मिलने के लिए घर या कमरे में बुलाता और वहां पहुंचते ही पूरा खेल शुरू हो जाता था।
पैसे दो, वरना वीडियो वायरल कर देंगे और जेल भिजवा देंगे
गिरोह का एक सदस्य पहले पीड़ित के पास पहुंचता, बातचीत के दौरान माहौल बनाता और कुछ ही देर में उसके साथी भी मौके पर पहुंच जाते। इसके बाद पीड़ित का वीडियो बनाया जाता और उसे डराया जाता कि वह किसी नाबालिग के साथ आपत्तिजनक स्थिति में पकड़ा गया है।इसके बाद शुरू होता ब्लैकमेलिंग का सिलसिला—“पैसे दो, वरना वीडियो वायरल कर देंगे और जेल भिजवा देंगे।” डर के साये में पीड़ितों से क्यूआर कोड के जरिए ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर कराए जाते, साथ ही नकदी, मोबाइल और अन्य कीमती सामान भी छीन लिया जाता।
आरोपियों ने घर में घुसकर ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर कराए
इस गैंग का भंडाफोड़ तब हुआ जब एक पीड़ित ने Aliganj police station में शिकायत दर्ज कराई। उसने बताया कि आरोपियों ने घर में घुसकर न सिर्फ उसे धमकाया, बल्कि ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर कराए और सामान भी लूट लिया।मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने स्वाट और सर्विलांस टीम की मदद से जाल बिछाया। 16 मार्च की सुबह सेक्टर-E इलाके में घेराबंदी कर 4 शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि एक बाल अपचारी को संरक्षण में लिया गया।
मोबाइल फोन को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया
गिरफ्तार आरोपियों के पास से 4 मोबाइल फोन, 3 मोटरसाइकिल और ऑनलाइन ट्रांजेक्शन से जुड़ी अहम जानकारी बरामद हुई है। मोबाइल फोन को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है, जिससे और बड़े खुलासे होने की उम्मीद है।पूछताछ में सामने आया कि यह गिरोह पहले भी कई लोगों को अपना शिकार बना चुका है और लगातार इसी तरीके से वारदातों को अंजाम दे रहा था।
गिरोह के अन्य फरार सदस्यों की तलाश जारी
पुलिस का कहना है कि गिरोह के अन्य फरार सदस्यों की तलाश जारी है और जल्द ही उन्हें भी गिरफ्तार किया जाएगा। साथ ही लोगों से अपील की गई है कि ऑनलाइन डेटिंग ऐप्स पर अनजान लोगों से मिलने से पहले पूरी सतर्कता बरतें।यह मामला न सिर्फ साइबर अपराध के नए तरीकों को उजागर करता है, बल्कि यह भी बताता है कि कैसे तकनीक का गलत इस्तेमाल कर मासूम लोगों को फंसाया जा रहा है। पुलिस की यह कार्रवाई ऐसे गिरोहों के खिलाफ एक बड़ी चेतावनी मानी जा रही है।




