लखनऊ। उत्तर प्रदेश में मानसून एक बार फिर जोर पकड़ता नजर आ रहा है। लगातार हो रही बारिश और मध्य प्रदेश के साथ पहाड़ी इलाकों में जारी वर्षा का असर प्रदेश की नदियों पर साफ दिखाई दे रहा है। चित्रकूट में मंदाकिनी नदी दोबारा उफान पर आ गई है, जबकि प्रयागराज में गंगा और यमुना का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। लखीमपुर खीरी में शारदा नदी खतरे के निशान को पार कर चुकी है। बारिश और जलभराव के बीच प्रदेश के कई जिलों में प्रशासन को अलर्ट मोड पर रखा गया है।
मंदाकिनी का जलस्तर फिर बढ़ा, 36 गांव प्रभावित
चित्रकूट में मंदाकिनी नदी का जलस्तर खतरे के निशान से नीचे आने के बाद एक बार फिर तेजी से बढ़ा है। मध्य प्रदेश और आसपास के पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश के चलते नदी का पानी करीब ढाई मीटर तक ऊपर पहुंच गया है। नदी में बढ़ते जलप्रवाह का असर आसपास के इलाकों पर पड़ा है और जिले के करीब 36 गांव बाढ़ की स्थिति से प्रभावित बताए गए हैं।
प्रशासन की ओर से संवेदनशील क्षेत्रों पर निगरानी बढ़ाई गई है। ग्रामीण इलाकों में नदी के जलस्तर और बाढ़ की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
गंगा-यमुना भी बढ़ रहीं, शारदा खतरे के पार
प्रयागराज में गंगा और यमुना नदियों के जलस्तर में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है। नदियों के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए तटीय और निचले इलाकों में सतर्कता बढ़ाई गई है।
लखीमपुर खीरी में शारदा नदी की स्थिति भी चिंताजनक बनी हुई है। नदी खतरे के निशान से 32 सेंटीमीटर ऊपर बह रही है। ऐसे में प्रशासन की ओर से संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी और राहत तैयारियों पर जोर दिया जा रहा है।
बारिश से हादसे, अब तक 15 लोगों की मौत
प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में लगातार बारिश के कारण मकान और दीवारें गिरने की घटनाएं भी सामने आई हैं। इन हादसों में अब तक 15 लोगों की मौत हो चुकी है। बारिश के चलते कमजोर हो चुके भवनों और जर्जर दीवारों को लेकर स्थानीय प्रशासन को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
चित्रकूट समेत पांच जिलों में स्कूल बंद
बारिश और बाढ़ जैसे हालात को देखते हुए चित्रकूट जिला प्रशासन ने 3 सितंबर को कक्षा 12 तक के सभी स्कूलों को बंद रखने का फैसला किया है। विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है।
भारी बारिश की आशंका के मद्देनजर वाराणसी, चंदौली, सोनभद्र और बलिया में भी 3 सितंबर को स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया है।
सितंबर के पहले सप्ताह में भी बारिश से राहत नहीं
मौसम विभाग के अनुसार उत्तर प्रदेश में फिलहाल बारिश का दौर थमता नजर नहीं आ रहा है। वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के मुताबिक सितंबर के पहले सप्ताह में बुंदेलखंड और दक्षिणी जिलों के अलावा तराई तथा प्रदेश के अन्य हिस्सों में भी मध्यम से भारी बारिश जारी रह सकती है।
बुधवार को बुंदेलखंड, दक्षिणी जिलों, तराई और मध्यांचल के कई इलाकों में मूसलाधार बारिश हुई। इस दौरान मिर्जापुर में सबसे अधिक 161 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई।
ललितपुर में ऑरेंज अलर्ट, 11 जिलों में येलो अलर्ट
मौसम विभाग ने गुरुवार को ललितपुर में भारी बारिश को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इसके अलावा बांदा, चित्रकूट, कानपुर देहात, कानपुर नगर, आगरा, इटावा, औरैया, जालौन, हमीरपुर, महोबा और झांसी में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है।
लगातार बारिश और नदियों के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रभावित जिलों के प्रशासन को अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए हैं। संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाने के साथ ही संभावित बाढ़ और जलभराव की स्थिति से निपटने की तैयारियों को भी मजबूत किया जा रहा है।
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