लखनऊ। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट द्वारा महिला पुलिसकर्मियों के साहस, समर्पण और उत्कृष्ट सेवा कार्यों को सम्मानित करने के लिए एक भव्य समारोह का आयोजन किया गया। रिजर्व पुलिस लाइन स्थित संगोष्ठी सदन में आयोजित इस कार्यक्रम में 37 महिला पुलिसकर्मियों को उनके उत्कृष्ट कार्य, साहसिक कार्रवाई और जनसेवा के लिए प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।

समाज के प्रति उनकी प्रतिबद्धता की सराहना की गई

यह कार्यक्रम पुलिस आयुक्त लखनऊ अमरेन्द्र कुमार सेंगर की प्रेरणा से आयोजित किया गया। समारोह में संयुक्त पुलिस आयुक्त (अपराध/मुख्यालय) श्रीमती अपर्णा कुमार की गरिमामयी उपस्थिति रही। कार्यक्रम के दौरान महिला पुलिसकर्मियों की कर्तव्यनिष्ठा, साहस और समाज के प्रति उनकी प्रतिबद्धता की सराहना की गई।

अपर्णा कुमार को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया

इस अवसर पर पुलिस उपायुक्त महिला अपराध श्रीमती ममता रानी ने मुख्य अतिथि श्रीमती अपर्णा कुमार को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया। कार्यक्रम में महिला पुलिसकर्मियों द्वारा कानून-व्यवस्था बनाए रखने, अपराध नियंत्रण, महिला सुरक्षा और जनसेवा के क्षेत्र में किए गए उल्लेखनीय कार्यों को विशेष रूप से रेखांकित किया गया।

सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक ठोस संकल्प

कार्यक्रम में बताया गया कि वर्ष 2026 की थीम “अधिकार, न्याय, कार्रवाई – सभी महिलाओं और लड़कियों के लिए” केवल एक नारा नहीं बल्कि महिलाओं की समानता और सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक ठोस संकल्प है। यह थीम समाज को प्रेरित करती है कि महिलाओं के अधिकारों को केवल शब्दों तक सीमित न रखकर उन्हें न्याय और ठोस कार्रवाई के माध्यम से लागू किया जाए।

सामाजिक सेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया

सम्मानित होने वाली महिला पुलिसकर्मियों में महिला थाना हजरतगंज की प्रभारी निरीक्षक श्रीमती मंजू पाण्डेय, थाना कैण्ट की थानाध्यक्ष श्रीमती गुरप्रीत कौर सहित विभिन्न थानों में तैनात महिला अधिकारी और कर्मचारी शामिल रहीं। इन महिला कर्मियों ने अपराध नियंत्रण, जनसुनवाई, महिला सुरक्षा और सामाजिक सेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया है।

मंजू देवी ने वर्ष 2025 में 70 विवेचनाओं का सफल निस्तारण किया

उल्लेखनीय है कि कई महिला पुलिसकर्मियों ने साहसिक कार्यों के साथ अपराधियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करते हुए समाज में सुरक्षा का भरोसा मजबूत किया। महिला थाना की निरीक्षक मंजू देवी ने वर्ष 2025 में 70 विवेचनाओं का सफल निस्तारण किया। वहीं थाना मदेयगंज की उपनिरीक्षक सविता, गोमतीनगर विस्तार की उपनिरीक्षक अन्नू सिंह, मोहनलालगंज की उपनिरीक्षक मेघा तिवारी और थाना नाका की उपनिरीक्षक स्वाति चौधरी ने भी विभिन्न मामलों की विवेचना को गुण-दोष के आधार पर सफलतापूर्वक संपादित किया।

295 शिकायतों का निस्तारण

महिला हेल्प डेस्क के माध्यम से भी महिला पुलिसकर्मियों ने पीड़ित महिलाओं को त्वरित राहत दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। थाना हसनगंज में तैनात महिला हेड कांस्टेबल सुरेखा पटेल ने वर्ष 2025 में महिला हेल्प डेस्क के माध्यम से सर्वाधिक 295 शिकायतों का निस्तारण कर पीड़ित महिलाओं को न्याय दिलाने का कार्य किया। वह नियमित रूप से शिकायतकर्ताओं से संवाद कर काउंसलिंग और त्वरित समाधान सुनिश्चित करती रही हैं।

पीयूष मिश्रा के खिलाफ गुंडा एक्ट की कार्रवाई कराई

इसी तरह थाना जानकीपुरम में तैनात महिला कांस्टेबल निकिता सिंह ने क्राइम मुंशी के पद पर रहते हुए अपराधियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करते हुए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए। उन्होंने अभियुक्त विनीत कुमार सिंह और पीयूष मिश्रा के खिलाफ गुंडा एक्ट की कार्रवाई कराई तथा विनीत कुमार सिंह को जिला बदर कराया। इसके अलावा एक अन्य आरोपी के आपराधिक इतिहास के आधार पर उसे हिस्ट्रीशीटर घोषित कराने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

एक-दूसरे की सुरक्षा और सहयोग का संकल्प लेना चाहिए

कार्यक्रम के दौरान उत्तर प्रदेश सरकार की “मिशन शक्ति” योजना के तहत नारी सुरक्षा, नारी सम्मान और नारी स्वावलंबन के संकल्प को दोहराया गया। लखनऊ पुलिस ने महिला सुरक्षा के प्रति अपनी जीरो टॉलरेंस नीति पर भी जोर दिया।संयुक्त पुलिस आयुक्त अपर्णा कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि आज के समय में महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए समाज को मिलकर आगे बढ़ने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि “Give to Gain” के सिद्धांत के साथ हमें एक-दूसरे की सुरक्षा और सहयोग का संकल्प लेना चाहिए।

महिला पुलिसकर्मी विभाग की मजबूत रीढ़

उन्होंने कहा कि लखनऊ पुलिस की महिला पुलिसकर्मी विभाग की मजबूत रीढ़ हैं और उनका साहस समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत है। यह सम्मान न केवल उनके समर्पण की सराहना है, बल्कि एक विकसित और सुरक्षित समाज के निर्माण की दिशा में उठाया गया महत्वपूर्ण कदम भी है।अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर आयोजित यह सम्मान समारोह महिला पुलिसकर्मियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बना और यह संदेश भी दिया कि महिलाओं की भूमिका केवल घर तक सीमित नहीं बल्कि वे सुरक्षा, कानून व्यवस्था और समाज सेवा के क्षेत्र में भी समान रूप से अग्रणी भूमिका निभा रही हैं।

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *