होम उप्र न्यूज़ यमुना एक्सप्रेसवे पर डबल डेकर बस बनी आग का गोला, नौ की...

यमुना एक्सप्रेसवे पर डबल डेकर बस बनी आग का गोला, नौ की मौत

0
20

महोबा जा रही बस में 35 यात्री थे सवार, आग लगते ही मची चीख-पुकार; शीशे तोड़कर और गैस कटर से काटकर निकाले गए शव

ग्रेटर नोएडा। यमुना एक्सप्रेसवे पर गुरुवार तड़के एक भीषण हादसे ने लोगों को दहला दिया। जेवर थाना क्षेत्र में दयानतपुर गांव के पास दिल्ली से महोबा जा रही एक निजी डबल डेकर स्लीपर बस अचानक आग की लपटों में घिर गई। देखते ही देखते पूरी बस आग का गोला बन गई। हादसे में एक महिला समेत नौ यात्रियों की जलकर मौत हो गई, जबकि कई यात्री धुएं की वजह से बेहोश हो गए। उन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस के अनुसार उनकी हालत फिलहाल ठीक है।

अपर पुलिस आयुक्त कानून व्यवस्था राजीव नारायण मिश्र के अनुसार बस दिल्ली के कश्मीरी गेट से करीब 35 यात्रियों को लेकर महोबा के लिए रवाना हुई थी। यमुना एक्सप्रेसवे के 33 किलोमीटर के आसपास पहुंचते ही बस में अचानक आग लग गई। सूचना मिलते ही दमकल विभाग, पुलिस और जिला प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं। बचाव अभियान के दौरान करीब 26 यात्रियों को बस से सुरक्षित बाहर निकाला गया, जबकि नौ लोगों की आग में झुलसने से मौत हो गई।

धुएं से भर गई पूरी बस

बताया गया कि आग लगने के समय बस में कई यात्री सो रहे थे। अचानक आग और धुएं से बस भर जाने के कारण यात्रियों में भगदड़ मच गई। कई यात्रियों ने खिड़कियों के शीशे तोड़कर बाहर निकलकर जान बचाई। कुछ लोग बस से कूद गए। वहीं, बस के अंदर फंसे यात्रियों को निकालने के लिए पुलिस और दमकल कर्मियों ने शीशे तोड़े और बाद में गैस कटर से बस के हिस्से काटे। इसी दौरान अंदर फंसे शवों को बाहर निकाला गया।

प्रत्यक्षदर्शी रिंकी राजपूत ने बताया कि वह बस में सवार होकर राठ जा रही थीं और हादसे के समय सो रही थीं। किसी यात्री ने उनके केबिन को जोर-जोर से पीटकर उन्हें जगाया। आंख खुलने पर बस में अफरा-तफरी मची थी। उन्होंने किसी तरह बाहर निकलकर जान बचाई। रिंकी के मुताबिक, लोग इतने घबराए हुए थे कि अपना सामान तक नहीं उठा सके। मोबाइल फोन, नकदी, जेवर और अन्य सामान भी बस में जल गया।

आग लगने का कारण अभी साफ नहीं

हादसे के बाद आग लगने के कारणों को लेकर जांच शुरू कर दी गई है। कुछ रिपोर्टों में बस में रखे सामान और आग तेजी से फैलने को लेकर आशंका जताई गई है, लेकिन पुलिस ने आग लगने के वास्तविक कारण की पुष्टि नहीं की है। इसलिए किसी संभावित कारण को अभी अंतिम तथ्य नहीं माना जा सकता। पुलिस और फॉरेंसिक टीम घटनास्थल से साक्ष्य जुटा रही है।

हादसे के बाद यमुना एक्सप्रेसवे पर कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ। सुरक्षा के मद्देनजर यातायात को नियंत्रित किया गया और जली हुई बस को हटाने की कार्रवाई शुरू की गई। पुलिस मृतकों की पहचान कराने और उनके परिजनों तक सूचना पहुंचाने में जुटी है।

मुख्यमंत्री ने लिया संज्ञान

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हादसे का संज्ञान लेते हुए मृतकों के परिजनों के प्रति शोक संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने अधिकारियों को घायलों का समुचित उपचार कराने और प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।

हादसे की भयावहता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि आग लगने के बाद कुछ ही समय में पूरी डबल डेकर बस बुरी तरह जल गई। शुरुआती जानकारी में जहां सभी यात्रियों के सुरक्षित बच निकलने की बात सामने आई थी, वहीं बाद की जांच और बचाव अभियान में नौ यात्रियों की मौत की पुष्टि हुई।

यह भी पढ़े : तमिलनाडु में नवजात बच्चों को मिलेगी एक ग्राम सोने की अंगूठी

यह भी पढ़े : UP में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल: 13 PCS के बाद 35 IPS अफसरों के तबादले, कई कमिश्नरेट और वाहिनियों के बदले कमांडर

यह भी पढ़े : सीएम योगी की अधिवक्ताओं को बड़ी सौगात, पांच लाख तक कैशलेस इलाज

यह भी पढ़े : लोहिया ट्रस्ट की कमान अब अखिलेश के हाथ, शिवपाल की भूमिका बदली

यह भी पढ़े : लोक सेवक की जवाबदेही जरूरी, लोकायुक्त व्यवस्था पर अंकुश का काम करती है: योगी

यह भी पढ़े : BRICS SUMMIT 2026:भारत-चीन रिश्तों को नई दिशा, साझेदारी पर शी का जोर