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इंस्टाग्राम पर ‘सौरभ सिंह’ बनकर फंसाया, फिर अश्लील वीडियो वायरल कर धर्म परिवर्तन का दबाव

लखनऊ। राजधानी के सैरपुर थाना क्षेत्र में सोशल मीडिया के जरिए युवती को झांसे में फंसाकर उसका शोषण करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोप है कि एक युवक ने अपना नाम और धर्म छिपाकर इंस्टाग्राम पर युवती से दोस्ती की, फिर नजदीकियां बढ़ाकर अश्लील फोटो और वीडियो बना लिए। इसके बाद आरोपी ने पीड़िता को ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया और धर्म परिवर्तन का दबाव बनाते हुए आपत्तिजनक सामग्री वायरल कर दी।

गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी

पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ बीएनएस, आईटी एक्ट, पॉक्सो एक्ट और उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध अधिनियम के तहत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।पुलिस के अनुसार, शनिवार को पीड़िता ने थाना सैरपुर पहुंचकर तहरीर दी कि छठामील मार्केट स्थित रैथा रोड पर नाई (बारबर) की दुकान चलाने वाला युवक शोएब अख्तर पुत्र सुबराती, निवासी सहभागी शिक्षण संस्थान के पास छठामील, थाना सैरपुर, मूल निवासी ग्राम कर्दा थाना वजीरगंज जनपद गोण्डा, ने खुद को “सौरभ सिंह” बताकर इंस्टाग्राम के माध्यम से उससे संपर्क किया था।

विश्वास में लेकर उसके अश्लील फोटो व वीडियो बना लिए

तहरीर में आरोप लगाया गया है कि आरोपी ने धीरे-धीरे युवती से नजदीकियां बढ़ाईं और विश्वास में लेकर उसके अश्लील फोटो व वीडियो बना लिए। इसके बाद आरोपी ने वीडियो वायरल करने की धमकी देकर युवती पर दबाव बनाना शुरू कर दिया। पीड़िता का आरोप है कि आरोपी लगातार धर्म परिवर्तन करने के लिए दबाव बना रहा था और विरोध करने पर गाली-गलौज व धमकी देता था।इतना ही नहीं, आरोपी ने कथित रूप से युवती के आपत्तिजनक फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल भी कर दिए, जिससे पीड़िता मानसिक रूप से परेशान हो गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर लिया।

इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों को जुटाने की कार्रवाई की जा रही

सैरपुर पुलिस ने पीड़िता की तहरीर के आधार पर मु0अ0सं0 47/2026 के तहत धारा 74, 351(3), 352 बीएनएस, आईटी एक्ट की धारा 67, पॉक्सो एक्ट की धारा 7/8 तथा उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध अधिनियम 2021 की धारा 3/5(1) के तहत अभियोग पंजीकृत किया है।पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों को जुटाने की कार्रवाई की जा रही है। सोशल मीडिया अकाउंट, मोबाइल डेटा और वायरल सामग्री की जांच कराई जा रही है। आरोपी की भूमिका और अन्य संभावित पहलुओं की भी गहनता से जांच की जा रही है।

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