मायावती का केंद्र पर निशाना: महंगाई और ईंधन संकट पर तुरंत कदम उठाने की मांग

लखनऊ। बसपा प्रमुख मायावती ने बढ़ती महंगाई और वैश्विक हालात को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच चल रहे तनाव का असर भारत पर भी पड़ रहा है। ऐसे में सरकार को देशभर में एलपीजी, पेट्रोल और डीजल की उपलब्धता हर हाल में सुनिश्चित करनी चाहिए।बसपा कार्यालय में पदाधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक के दौरान उन्होंने कहा कि खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव के कारण पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतों में उछाल आया है, जिससे आम जनता खासकर गरीब और मेहनतकश वर्ग पर भारी बोझ पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि “गरीबी में आटा गीला” जैसी स्थिति बन गई है और लोगों की परेशानियां कई गुना बढ़ गई हैं।
जनता सरकार की नीतियों से परेशान
Mayawati ने सरकार से मांग की कि महंगाई पर नियंत्रण के लिए ठोस और प्रभावी कदम उठाए जाएं, ताकि देश को नोटबंदी और कोरोना काल जैसी मुश्किल परिस्थितियों से दोबारा न गुजरना पड़े। उन्होंने ‘आत्मनिर्भरता’ को केवल नारा नहीं, बल्कि जमीन पर उतारने की जरूरत बताई।बैठक में संगठनात्मक कार्यों की समीक्षा करते हुए बसपा प्रमुख ने पदाधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि वे पूरी निष्ठा और लगन से काम करें। उन्होंने कहा कि जनता सरकार की नीतियों से परेशान है और बसपा से उम्मीद लगाए बैठी है, ऐसे में कार्यकर्ताओं को इन उम्मीदों पर खरा उतरना होगा।
पार्टी में आपराधिक तत्वों को कोई स्थान नहीं दिया जाएगा
आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर उन्होंने स्पष्ट किया कि पार्टी में आपराधिक तत्वों को कोई स्थान नहीं दिया जाएगा और उम्मीदवारों के चयन में सर्वसमाज के संतुलित प्रतिनिधित्व का ध्यान रखा जाएगा।
आरक्षण के मुद्दे पर भी उन्होंने केंद्र और राज्य सरकारों की आलोचना करते हुए कहा कि एससी-एसटी और ओबीसी वर्ग के अधिकारों को कमजोर किया जा रहा है। महिला आरक्षण में भी कमजोर वर्ग की महिलाओं के लिए अलग प्रावधान न होने पर उन्होंने चिंता जताई।इसके साथ ही उन्होंने जानकारी दी कि 14 अप्रैल को B. R. Ambedkar की जयंती पर पार्टी के पदाधिकारी प्रदेश के 18 मंडलों में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित करेंगे।



