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ईरान-इस्त्राइल युद्ध का असर: लखनऊ के उद्योगों को 1000 करोड़ से ज्यादा का झटका

लखनऊ । मध्य पूर्व में चल रहे ईरान-इस्त्राइल संघर्ष का असर अब स्थानीय स्तर पर भी साफ दिखने लगा है। राजधानी लखनऊ के उद्योगों को बीते एक महीने में हजार करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान उठाना पड़ा है। सबसे ज्यादा चोट प्लास्टिक उद्योग को लगी है, जहां लगभग 500 करोड़ रुपये की हानि का अनुमान लगाया जा रहा है।

प्लास्टिक इकाइयों का उत्पादन बुरी तरह प्रभावित

लखनऊ में करीब चार हजार प्लास्टिक इकाइयों का उत्पादन बुरी तरह प्रभावित हुआ है और यह घटकर महज 20 प्रतिशत तक सिमट गया है। कच्चे माल की कीमतों में अचानक आई तेजी ने स्थिति को और गंभीर बना दिया है। प्लास्टिक दाना, जो पहले 90 से 100 रुपये प्रति किलो के बीच मिलता था, अब 200 रुपये के पार पहुंच चुका है। इसके साथ ही बाजार में कच्चे माल की उपलब्धता भी कम हो गई है, जिससे उत्पादन पर सीधा असर पड़ा है।

बेकरी और रसायन से जुड़े उद्योग भी संकट में

केवल प्लास्टिक ही नहीं, बल्कि साबुन, गत्ता, बेकरी और रसायन से जुड़े उद्योग भी संकट का सामना कर रहे हैं। पैकेजिंग कारोबार आधे से भी कम रह गया है, जबकि तैयार माल की लागत बढ़ने से बाजार में मांग कमजोर पड़ गई है।खाद्य व्यवसाय भी इससे अछूता नहीं रहा। मिठाई, रेस्टोरेंट, ढाबे और होटल कारोबार को एक महीने में करीब 200 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। गैस की किल्लत के चलते कई स्थानों पर नाश्ता काउंटर तक बंद रखने पड़े हैं, जिससे बिक्री पर सीधा असर पड़ा है।

घटती मांग के कारण कारोबार चलाना मुश्किल होता जा रहा

उद्योग से जुड़े लोगों का कहना है कि लगातार बढ़ती लागत और घटती मांग के कारण कारोबार चलाना मुश्किल होता जा रहा है। कई इकाइयों में कामगारों को बुलाना बंद कर दिया गया है, जिससे रोजगार पर भी संकट मंडरा रहा है। वहीं, बैंक ऋण की किश्तें चुकाने में भी उद्यमियों को परेशानी हो रही है।विशेषज्ञों का मानना है कि पेट्रोलियम पदार्थों की बढ़ती कीमतें, गैस और डीजल की कमी जैसी समस्याओं ने उद्योगों की रीढ़ तोड़ दी है।

अब स्थिति सुधरने का इंतजार किया जा रहा

कई व्यापारियों की पूंजी का बड़ा हिस्सा खर्च हो चुका है और अब स्थिति सुधरने का इंतजार किया जा रहा है।कुल मिलाकर, अंतरराष्ट्रीय तनाव का सीधा असर स्थानीय उद्योगों पर पड़ रहा है, जिससे लखनऊ का व्यापार जगत इस समय गंभीर आर्थिक दबाव से गुजर रहा है।

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