मानसून की सक्रियता से अगले 24 घंटे बारिश के आसार, मौसम वैज्ञानिक ने खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे जाने से बचने की दी सलाह
प्रयागराज। उत्तर प्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय नजर आ रहा है। मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ ने 18 अगस्त की सुबह प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश और गरज-चमक को लेकर तात्कालिक चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के मुताबिक, अगले 24 घंटे के दौरान प्रयागराज समेत कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, जबकि कुछ स्थानों पर तेज बौछारें पड़ने की संभावना है।
जिला स्तर पर जारी मौसम चेतावनी में कई क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना जताई गई है। कुछ स्थानों पर बारिश की तीव्रता अधिक रहने के साथ आकाशीय बिजली गिरने का खतरा भी बताया गया है। ऐसे में मौसम खराब होने के दौरान लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
अगले कुछ दिनों तक जारी रह सकता है बारिश का दौर
चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (सीएसए), कानपुर के मौसम वैज्ञानिक डॉ. एसएन सुनील पांडेय के अनुसार मानसूनी गतिविधियां सक्रिय रहने के कारण उत्तर प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है।
उन्होंने बताया कि मंगलवार को प्रदेश के कई जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। कुछ स्थानों पर तेज बारिश और बौछारें भी पड़ सकती हैं। मौसम में बदलाव के चलते तापमान में गिरावट आने और उमस से राहत मिलने की उम्मीद है।
इन जिलों में तेज बारिश के आसार
मौसम विभाग की जिला स्तरीय चेतावनी के अनुसार मैनपुरी, प्रयागराज, संत रविदास नगर, फर्रुखाबाद, रायबरेली, अमरोहा, फिरोजाबाद, एटा और कासगंज समेत आसपास के इलाकों में गरज-चमक के साथ मध्यम से तेज बारिश होने की संभावना है।
इसके अलावा संभल, मिर्जापुर, वाराणसी, जौनपुर, प्रतापगढ़, चित्रकूट, बांदा, कौशांबी, हमीरपुर, फतेहपुर, जालौन, औरैया, कानपुर नगर, कन्नौज, हाथरस, अलीगढ़, इटावा, आजमगढ़, लखनऊ, हरदोई, सुल्तानपुर, शाहजहांपुर, लखीमपुर खीरी, बरेली, पीलीभीत, बदायूं, बुलंदशहर, गौतमबुद्ध नगर, गाजियाबाद, मेरठ, मुजफ्फरनगर और सहारनपुर सहित आसपास के क्षेत्रों में भी हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक के आसार हैं।
आकाशीय बिजली से रहें सतर्क
मौसम वैज्ञानिक डॉ. सुनील पांडेय ने बारिश के दौरान आकाशीय बिजली की गतिविधियों को लेकर लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। खासकर ग्रामीण इलाकों में किसानों को मौसम खराब होने पर खेतों में काम करने से बचने को कहा गया है।उन्होंने कहा कि बिजली चमकने के दौरान खुले खेत, तालाब, नदी या अन्य जलाशयों के आसपास न रहें। पेड़ों के नीचे खड़े होने के बजाय किसी सुरक्षित और पक्के स्थान पर शरण लेना अधिक सुरक्षित रहेगा।
तेज बारिश से जलभराव की आशंका
मौसम वैज्ञानिक के मुताबिक पश्चिमी और मध्य उत्तर प्रदेश के साथ पूर्वांचल के कई हिस्सों में भी मानसूनी गतिविधियां बनी हुई हैं। बारिश के कारण तापमान में कमी आ सकती है और लोगों को गर्मी व उमस से राहत मिल सकती है। हालांकि, जिन इलाकों में कम समय में अधिक बारिश होगी, वहां स्थानीय स्तर पर जलभराव की समस्या पैदा हो सकती है।प्रशासन और मौसम विभाग की ओर से लोगों को ताजा मौसम चेतावनियों पर नजर रखने की सलाह दी गई है। गरज-चमक के दौरान अनावश्यक रूप से घर से बाहर निकलने से बचने और मौसम खराब होने पर सुरक्षित स्थान पर रहने की अपील की गई है।
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