लखनऊ । यूपी की राजधानी के कृष्णानगर थाना क्षेत्र स्थित बाराबिरवा सब्जी मंडी में 9 अप्रैल 2026 की देर रात भीषण आग लगने से हड़कंप मच गया। यह मंडी फीनिक्स यूनाइटेड मॉल के पास स्थित है, जहां बड़ी संख्या में फल, सब्जी और अन्य दुकानों का संचालन होता है।
कुल 9 फायर टैंकर मौके पर बुलाए गए
रात करीब 10:34 बजे फायर स्टेशन आलमबाग को आग लगने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही मुख्य अग्निशमन अधिकारी अंकुश मित्तल के निर्देशन में प्रभारी अग्निशमन अधिकारी धर्मपाल सिंह के नेतृत्व में दमकल की टीमें मौके पर रवाना हुईं। शुरुआत में दो फायर टैंकर पहुंचे, लेकिन आग की भयावहता को देखते हुए शहर के विभिन्न फायर स्टेशनों—सरोजनीनगर, पीजीआई, हजरतगंज, चौक और गोसाईगंज से कुल 9 फायर टैंकर मौके पर बुलाए गए।
भयंकर आग, सिलेंडर ब्लास्ट से बढ़ी दहशत
मौके पर पहुंचने पर देखा गया कि आग मंडी की दुकानों में तेजी से फैल चुकी थी और लपटें काफी ऊंची उठ रही थीं। दमकल कर्मियों ने चारों ओर से आग को घेरकर बुझाने का प्रयास शुरू किया। इसी दौरान एक फास्ट फूड की दुकान में रखा गैस सिलेंडर तेज धमाके के साथ फट गया, जिससे इलाके में दहशत फैल गई और लोग इधर-उधर भागने लगे।आग इतनी भीषण थी कि धुएं के कारण दमकल कर्मियों को सांस लेने में दिक्कत हुई, जिसके चलते उन्हें विशेष उपकरण (VR सेट) का इस्तेमाल करना पड़ा। आग बुझाने के लिए कई दुकानों की टीन छतों को क्रेन की मदद से तोड़कर अंदर पानी डाला गया।
दमकल की कड़ी मशक्कत, बड़ी तबाही टली
करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर नियंत्रण पा लिया गया, जबकि पूरी तरह आग बुझाने में लगभग ढाई घंटे का समय लगा। दमकल और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई से इस भीषण अग्निकांड को फैलने से रोका गया।इस घटना में 13 दुकानें पूरी तरह जलकर नष्ट हो गईं, जिनमें कपड़े, फल, जलपान, राशन और अन्य सामान की दुकानें शामिल हैं। हालांकि दमकल विभाग की तत्परता से लगभग 280 दुकानों को आग की चपेट में आने से बचा लिया गया, जिससे एक बड़ी त्रासदी टल गई।
लोगों में दहशत, दुकानदारों का रो-रोकर बुरा हाल
आग लगने के बाद आसपास के इलाकों में अफरा-तफरी मच गई। पास के गांव और मोहल्लों के लोग डर के कारण अपने घरों से बाहर निकल आए। वहीं जिन दुकानदारों की दुकानें जल गईं, उनका रो-रोकर बुरा हाल था।एक दुकानदार अपनी जलती हुई कपड़े की दुकान को देखकर भावुक हो गया, जबकि उसका बेटा सदमे में बेहोश हो गया। पुलिस और स्थानीय लोगों ने किसी तरह उन्हें संभाला और अस्पताल पहुंचाया।
झुलसे लोग, यातायात भी हुआ प्रभावित
दुकान बचाने के प्रयास में एक दुकानदार और उसका भाई आंशिक रूप से झुलस गए। वहीं आग बुझाने के दौरान सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस ने कानपुर रोड से मॉल की ओर जाने वाले रास्ते को अस्थायी रूप से बंद कर दिया, जिससे कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित रहा और जाम की स्थिति बन गई।
प्रशासन की त्वरित कार्रवाई, जांच जारी
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू किया। अमित कुमार आनंद ने बताया कि आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया है और किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई है।प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है, हालांकि वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए विस्तृत जांच की जा रही है।
जली 13 दुकानों का विवरण
1- दीक्षित की कपड़े की दुकान
2- देवी शंकर की कपड़े की दुकान
3- दुर्गेश राजपूत पुत्र देवी शंकर की कपड़े की दुकान
4- मनीष बाजपेई पुत्र बाबू वाजपेई की कपड़े की दुकान
5- राजेश तिवारी की कपड़े की दुकान
6- मनोज की जलपान की दुकान
7- अनमोल मिश्रा की फल की दुकान
8- गोपाल की फल की दुकान
9- वीरेंद्र की फॉर्चून की दुकान
10- रजनीश साहू पुत्र शिव शंकर साहू की राशन की दुकान
11 – सूरज पुत्र राजेंद्र की इलेक्ट्रिक के सामान की दुकान
12- मनीष वाजपेई की दोना पत्तल की दुकान
13 -हरिशंकर साहू की जलपान की दुकान
