एसएमयूपीन्यूज, लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार के पंचायती राज मंत्री और सुभासपा अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर ने साफ कर दिया है कि प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव अपने निर्धारित समय पर ही कराए जाएंगे। उन्होंने कहा कि इस समय अधिकारी और कर्मचारी एसआरआई से जुड़े कार्यों में लगे हुए हैं, लेकिन फरवरी के बाद चुनावी प्रक्रिया औपचारिक रूप से शुरू कर दी जाएगी।रविवार को भीमपुरा क्षेत्र के बाहरपुर बाभनौली गांव में पत्रकारों से बातचीत के दौरान राजभर ने योगी सरकार के संभावित मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर चल रही तमाम अटकलों को खारिज कर दिया। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि फिलहाल प्रदेश सरकार में किसी भी तरह के मंत्रिमंडल विस्तार की कोई योजना नहीं है।
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विपक्षी दल अब राजनीतिक रूप से कमजोर हो चुके
राजभर ने विपक्ष पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि विपक्षी दल अब राजनीतिक रूप से कमजोर हो चुके हैं और जनता का भरोसा खो चुके हैं। उन्होंने दावा किया कि एनडीए में शामिल नेता—ब्रजेश पाठक, केशव प्रसाद मौर्य, अनुप्रिया पटेल, संजय निषाद और स्वयं वे—जनाधार वाले नेता हैं, जिनकी वजह से एनडीए लगातार चुनाव जीत रही है। राजभर ने यहां तक कहा कि प्रदेश में वर्ष 2047 तक एनडीए की सरकार बने रहना तय है और विपक्ष का तथाकथित पीडीए इस गठबंधन के सामने कहीं नहीं टिकेगा।
बंगाल में अगला विधानसभा चुनाव एनडीए जीतेगा
बिहार की राजनीति पर टिप्पणी करते हुए राजभर ने तेज प्रताप यादव द्वारा लालू प्रसाद यादव को भारत रत्न देने की मांग को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान किसी की मांग पर नहीं, बल्कि राष्ट्र और समाज के प्रति असाधारण योगदान और बलिदान के आधार पर दिया जाता है।
पश्चिम बंगाल की राजनीति पर बोलते हुए राजभर ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व की प्रशंसा तो की, लेकिन साथ ही भविष्यवाणी भी कर दी कि अगला विधानसभा चुनाव वहां एनडीए जीतेगा। ईडी की कार्रवाई में ममता सरकार के कथित हस्तक्षेप के सवाल पर उन्होंने कहा कि ईडी एक स्वतंत्र जांच एजेंसी है और राज्य सरकार को जांच में पूरा सहयोग करना चाहिए। राजभर ने दावा किया कि पश्चिम बंगाल की जनता अगले चुनाव में बदलाव करेगी और वहां एनडीए की सरकार बनेगी।
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