सहारनपुर। Chhutmalpur क्षेत्र के गांव मुसैल में एक शादी ऐन वक्त पर टालनी पड़ गई, क्योंकि कुवैत में नौकरी कर रहा दूल्हा अपने ही विवाह में शामिल होने के लिए भारत नहीं पहुंच सका। बताया जा रहा है कि Iran और Israel के बीच चल रहे युद्ध के कारण उड़ान सेवाएं प्रभावित हो गईं, जिससे दूल्हे को फ्लाइट नहीं मिल सकी।
मार्च 2026 में शादी की तारीख भी निर्धारित कर दी गई
जानकारी के मुताबिक गांव मुसैल निवासी करणी सेना के ब्लॉक अध्यक्ष जबर सिंह की बेटी पारुल की शादी हरियाणा के Ambala जिले के बतौड़ गांव निवासी राजीव राणा के साथ तय हुई थी। राजीव कई वर्षों से Kuwait में नौकरी कर रहा है। पिछले वर्ष वह पारुल को देखने भारत आया था, तभी दोनों परिवारों की सहमति से रिश्ता तय हुआ और मार्च 2026 में शादी की तारीख भी निर्धारित कर दी गई।
राजीव ने पहले ही दो महीने की छुट्टी मंजूर करा ली थी
शादी की तैयारी भी उसी हिसाब से की गई थी। राजीव ने पहले ही दो महीने की छुट्टी मंजूर करा ली थी और शादी के लिए भारत आने की योजना बना ली थी। दोनों परिवारों ने शादी के कार्ड भी बांट दिए थे। दुल्हन को दिए जाने वाले दहेज का सामान ससुराल पक्ष को भेज दिया गया था और घर पर हलवाई का सामान भी पहुंच चुका था। पारुल की हल्दी समेत अन्य रस्में भी पूरी हो चुकी थीं।इसी बीच 28 फरवरी से शुरू हुए Iran–Israel conflict के कारण उड़ानों का संचालन प्रभावित हो गया। राजीव को भारत आने के लिए फ्लाइट नहीं मिल सकी। आठ मार्च को उसने फोन कर परिजनों को बताया कि फिलहाल उसके स्वदेश लौटने की कोई संभावना नहीं है।
आखिरकार शादी को स्थगित करना पड़ा
दुल्हन पक्ष के परिजनों ने उम्मीद जताई थी कि शायद शादी से एक दिन पहले तक भी राजीव भारत पहुंच जाएगा, लेकिन जब यह संभव नहीं हो पाया तो आखिरकार शादी को स्थगित करना पड़ा। जबर सिंह ने बताया कि होने वाले दामाद से उनकी लगातार बातचीत हो रही थी, लेकिन हालात ऐसे बन गए कि अंतिम समय पर शादी टालनी पड़ी।शादी टलने से परिवार में मायूसी का माहौल है। मेहंदी और हल्दी की रस्में पूरी होने के बाद भी दुल्हन पारुल को अपने दूल्हे का इंतजार करना पड़ा और सभी तैयारियां धरी की धरी रह गईं। अब परिवार दूल्हे के भारत लौटने के बाद नई तारीख तय करने की तैयारी कर रहा है।
