प्रतापगढ़ । प्रतापगढ़ में पूर्व प्रधान गुलहसन उर्फ मुन्ना की हत्या ने अब और भी चौंकाने वाले राज खोल दिए हैं। जो मामला पहले गुमशुदगी का था, वह अब इश्क, ब्लैकमेल और साजिशन हत्या की भयावह कहानी बनकर सामने आया है।चार दिन पहले घर से निकले 50 वर्षीय गुलहसन का शव जब शारदा सहायक नहर में बोरी के अंदर मिला, तो पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। लेकिन असली कहानी तब सामने आई, जब पुलिस की पूछताछ में एक महिला ने हत्या का राज खोल दिया।
हत्या करने के बाद शव को बोरी में भरकर नहर फेंक दिया
सूत्रों के मुताबिक, गुलहसन और सुमन देवी के बीच लंबे समय से प्रेम संबंध थे। लेकिन वक्त के साथ यह रिश्ता तनाव और ब्लैकमेल में बदल गया। महिला के अनुसार, गुलहसन लगातार उस पर मिलने का दबाव बना रहा था और उसे बदनाम करने की धमकी दे रहा था।इसी से परेशान होकर सुमन ने अपने भाई और उसके दोस्त के साथ मिलकर खौफनाक साजिश रच डाली।
18 मार्च की रात जैसे ही गुलहसन उससे मिलने बगियापुर पहुंचा, पहले से तैयार आरोपियों ने उस पर लोहे की रॉड से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। बेरहमी से हत्या करने के बाद शव को उर्वरक की बोरी में भरकर नहर में फेंक दिया गया—ताकि सबूत मिट जाएं और मामला हमेशा के लिए दफन हो जाए।मगर किस्मत को कुछ और मंजूर था। शव बरामद होते ही पुलिस ने कॉल डिटेल और शक के आधार पर महिला को हिरासत में लिया और सख्ती से पूछताछ की।
निजी जिंदगी के उलझे रिश्तों ने उसे मौत के मुंह में धकेल दिया
कुछ ही देर में साजिश की परतें खुलने लगीं और पूरा हत्याकांड सामने आ गया।इस केस का एक और चौंकाने वाला पहलू यह है कि मृतक गुलहसन 18 बच्चों का पिता था और गांव में एक मिलनसार व मददगार व्यक्ति के रूप में जाना जाता था। लेकिन उसकी निजी जिंदगी के उलझे रिश्तों ने उसे मौत के मुंह में धकेल दिया।
गांव मिश्रपुर मुस्तरका में इस घटना के बाद मातम पसरा है। परिजन सदमे में हैं और हर कोई इस खौफनाक अंजाम को लेकर हैरान है।फिलहाल पुलिस मुख्य आरोपी महिला से पूछताछ कर रही है, जबकि उसके भाई और साथी की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है। जल्द ही सभी आरोपियों की गिरफ्तारी होने की संभावना है।
