लखनऊ । राजधानी के Malihabad थाना क्षेत्र के गढ़ी संजर खां गांव में रविवार शाम उस समय सनसनी फैल गई जब ईदगाह की साफ-सफाई का निरीक्षण करने पहुंचे बसपा से जुड़ी नगर पंचायत अध्यक्ष असमत आरा के बेटे अहसन अजीज पर जानलेवा हमला कर दिया गया। आरोप है कि दबंगों ने पहले गाली-गलौज और मारपीट की और फिर असलहे से फायरिंग कर दी। गनीमत रही कि गोली मिस हो गई, जिससे उनकी जान बच गई।
अजीज के सीने पर असलहा सटाकर किया फायर
मिर्जागंज निवासी अहसन अजीज के मुताबिक वह गढ़ी संजर खां स्थित ईदगाह कमेटी के अध्यक्ष हैं और पिछले एक सप्ताह से ईद की नमाज को देखते हुए ईदगाह परिसर में साफ-सफाई का कार्य करा रहे थे। रविवार शाम करीब साढ़े चार बजे वह अपने तीन साथियों के साथ कार से वहां पहुंचे थे।आरोप है कि वहां पहले से मौजूद मुन्ना, सोनू, शादाब, अलीम और उनके साथ 10–15 अज्ञात लोगों ने अचानक विवाद शुरू कर दिया। इसी दौरान सोनू ने अहसन अजीज के सीने पर असलहा सटाकर फायर कर दिया, लेकिन गोली निशाने से चूक गई।
जान बचाने के लिए कार में भागा तो आरोपियों ने दोबारा की फायरिंग
जान बचाने के लिए जब वह कार में बैठकर वहां से निकलने लगे तो आरोपियों ने पीछा करते हुए कार पर भी दोबारा फायरिंग कर दी। इस दौरान आरोपियों ने मारपीट कर उनकी जेब से करीब 30 हजार रुपये भी निकाल लिए।घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। इस मामले में थाना मलिहाबाद में मुन्ना, सोनू, शादाब और अलीम समेत 10–15 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 191(2), 191(3), 352 और 109 के तहत केस दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
घटना की जानकारी फैलते ही इलाके में तनाव का माहौल
थाना प्रभारी Surendra Singh Bhati ने बताया कि पीड़ित की तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम दबिश दे रही है और पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है।घटना की जानकारी फैलते ही इलाके में तनाव का माहौल बन गया और बड़ी संख्या में लोग थाने पहुंचकर आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग करने लगे। पुलिस के आश्वासन के बाद स्थिति सामान्य हुई।बताया जा रहा है कि गढ़ी संजर खां गांव की ईदगाह कमेटी को लेकर काफी समय से विवाद चल रहा है।
2005 में अजीज के पिता की गोली मारकर कर दी गई थी हत्या
कुछ स्थानीय लोगों का कहना है कि ईदगाह गांव में स्थित है, इसलिए उसकी कमेटी में गांव के लोगों को ही शामिल किया जाना चाहिए। पुलिस इस विवाद को भी जांच का अहम बिंदु मान रही है।गौरतलब है कि करीब दो दशक पहले 15 नवंबर 2005 को अहसन अजीज के पिता और मलिहाबाद के पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष अजीज हसन खान की भी रंजिश के चलते गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। ऐसे में पुलिस इस पुराने विवाद के पहलू को भी ध्यान में रखकर जांच आगे बढ़ा रही है।
