लखनऊ। उत्तर प्रदेश में नि:शुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE) के तहत सत्र 2026-27 के लिए आवेदन प्रक्रिया ने इस बार नया रिकॉर्ड बना दिया है। 2 फरवरी से शुरू हुए पहले चरण में अब तक 2.22 लाख से अधिक आवेदन प्राप्त हो चुके हैं, जबकि आवेदन की अंतिम तिथि 16 फरवरी है।पिछले वर्ष पहले चरण में 1.32 लाख आवेदन हुए थे, जबकि इस बार यह आंकड़ा 2.25 लाख के करीब पहुंच गया है। इससे बेसिक शिक्षा विभाग में उत्साह का माहौल है।
68 हजार निजी विद्यालयों में 6.80 लाख सीटें
प्रदेश के 68 हजार निजी विद्यालयों में RTE के तहत 6.80 लाख सीटों पर प्रवेश के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। अभी दो चरण और शेष हैं, जिससे आवेदन संख्या और बढ़ने की उम्मीद है।बीएसए स्तर पर प्रतिदिन आवेदनों का सत्यापन भी किया जा रहा है और कमियों को उसी दिन दुरुस्त कराया जा रहा है, ताकि 18 फरवरी को लॉटरी प्रक्रिया समय से पूरी की जा सके।
इन जिलों में सबसे ज्यादा आवेदन
अब तक के आंकड़ों के अनुसार —
लखनऊ – 15,899
वाराणसी – 15,494
आगरा – 11,980
कानपुर नगर – 11,418
बुलंदशहर – 9,393
मुरादाबाद – 7,759
अलीगढ़ – 7,560
मेरठ – 7,542
हाथरस – 6,275
प्रयागराज – 5,883
यहां सबसे कम आवेदन
श्रावस्ती – 110
चित्रकूट – 159
हमीरपुर – 175
बस्ती – 297
कानपुर देहात – 384
कन्नौज – 404
महोबा – 405
औरैया – 462
संतकबीरनगर – 476
बहराइच – 505
बलरामपुर – 582
देवरिया – 619
प्रतापगढ़ – 690
गोंडा – 739
पिछले तीन साल का रिकॉर्ड
2024-25: 1,82,093 आवेदन (पहला चरण)
2025-26: 1,32,446 आवेदन (पहला चरण)
2026-27: 2,22,939 आवेदन (अब तक)
पिछले चार साल में हुए प्रवेश
2022-23: 82,263
2023-24: 96,439
2024-25: 1,12,468
2025-26: 1,41,235
क्या बोले अधिकारी?
समग्र शिक्षा के उपनिदेशक डॉ. मुकेश कुमार सिंह ने कहा कि अंतिम दो दिनों में आवेदन संख्या और बढ़ेगी। इस वर्ष प्रवेश प्रक्रिया से पहले जिलों में व्यापक प्रचार-प्रसार किया गया, जिससे जागरूकता बढ़ी है। इसका सीधा लाभ आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के बच्चों को मिलेगा।उन्होंने भरोसा जताया कि इस बार रिकॉर्ड संख्या में आवेदन और प्रवेश सुनिश्चित किए जाएंगे।
